आँसू है अनमोल

कही ख़ुशी में बहे झराझर,
कही हैं ग़ुम की ओढ़,
आँसू हैं अनमोल ओ पियारे
आँसू है अनमोल,

कोई जीये है सदा जीवन,
कोई वैभव सी कोर,
कोई किसी के साथ दुःखी है
कोई करे है शोर,
आँसू हैं अनमोल ओ पियारे
आँसू हैं अनमोल,

सभी का सपना घर हो अपना
सभी की चाहत धन हो और
सभी को अपने सुख से मतलब
सभी को सबसे दुःख है और
आँसू हैं अनमोल ओ पियारे
आँसू है अनमोल,

जीवन की ये कैसी लीला
कोई राजा कोई चोर
कोई करे है शासन सबपे
कोई करे विपदा घनघोर
आँसू है अनमोल ओ पियारे 
आँसू है अनमोल,

सारे साथी सारे अपने
सब चाहते है थोड़ा और
किस किस को अब राज़ी कीजे
देकर कितने सारे मोल
आँसू हैं अमनोल ओ पियारे
आँसू हैं अनमोल,

एक है विधवा जैसे अबला
हर ओर भेडियों का शोर
भगवन तूही लाज बचाना
करना कोई ऐसा गठजोड़
आँसू हैं अनमोल ओ पियारे
आँसू हैं अनमोल

किस से मांगे अब वो बालक
अपनी नई पतंग की डोर
जिस के घर में कोई नहीं है
है बस अंधा गहरा मोड़
आँसू हैं अनमोल ओ पियारे
आँसू हैं अनमोल।


तारीख: 06.04.2020                                                        कमाल खाँन






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